ग्वालियर में ‘शादी में ज़रूर आना’ जैसा ड्रामा: वरमाला हुई, फिर 9 लाख वसूलकर भी खाली हाथ लौटी बारात
ग्वालियर: आपने राजकुमार राव की फिल्म ‘शादी में ज़रूर आना’ (Shaadi Mein Zaroor Aana) तो देखी ही होगी? वही फिल्म जिसमें शादी वाले दिन मंडप में एक बड़ा ट्विस्ट आता है और दूल्हे की दुनिया बदल जाती है। कुछ ऐसा ही, बल्कि उससे भी ज्यादा फिल्मी और हैरान करने वाला मामला ग्वालियर के जनकगंज इलाके में सामने आया है। यहाँ न तो कोई इंतकाम था और न ही कोई IAS बनने की दौड़, बल्कि यहाँ था—बंधक बनाने का ड्रामा और लाखों की फिरौती।
क्या है पूरा मामला?
जनकगंज थाना क्षेत्र के ‘बेलदार का पुरा’ में एक शादी समारोह खुशियों के साथ शुरू हुआ। दूल्हा प्रशांत कुशवाह गाजे-बाजे के साथ बारात लेकर पहुंचा। स्टेज पर वरमाला भी हुई, और सब कुछ सामान्य लग रहा था। लेकिन असली ‘क्लाइमेक्स’ तब आया जब फेरों का वक्त हुआ।
पैर में ‘ऐब’ बताकर रोका मंडप का रास्ता
दूल्हा मंडप में फेरों के लिए बैठा था, लेकिन दुल्हन वहां नहीं पहुंची। जब दूल्हे के परिजनों ने पूछताछ की, तो लड़की वालों ने एक अजीबोगरीब दावा कर दिया। उन्होंने कहा कि दूल्हे के पैर में ‘ऐब’ (दोष/विकलांगता) है। दूल्हे के पिता लोटन सिंह कुशवाह ने लाख समझाया कि उनका बेटा पूरी तरह स्वस्थ है और वे मेडिकल कराने को भी तैयार हैं, लेकिन लड़की वाले नहीं माने।
बंधक बनाया और मांगे 10 लाख रुपये
आरोप है कि इसके बाद लड़की पक्ष ने फिल्मी विलेन के अंदाज में दूल्हे पक्ष के लोगों और बारातियों को बंधक बना लिया। उन्होंने शादी संपन्न कराने के बदले 10 लाख रुपये की मांग रख दी। इज्जत और जान बचाने की खातिर दूल्हे पक्ष ने जैसे-तैसे 9 लाख रुपये इकट्ठा करके दे भी दिए।
पैसे लिए, सबूत मिटाए और बारात लौटा दी
हैरानी की बात यह है कि 9 लाख रुपये लेने के बाद भी लड़की वालों ने शादी से साफ इनकार कर दिया। इतना ही नहीं, उन्होंने शादी कवर कर रहे फोटोग्राफर को भी बंधक बना लिया और उसके कैमरे से शादी के सारे फोटो और वीडियो डिलीट करवा दिए, ताकि कोई सबूत न बचे। अंत में, दूल्हे को बिना दुल्हन के ही बारात वापस ले जानी पड़ी।
पुलिस कर रही है जांच
अब यह मामला जनकगंज थाने पहुंच गया है। थाना प्रभारी अतुल सोलंकी के अनुसार, पुलिस ने शिकायत दर्ज कर ली है और मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। दूल्हे पक्ष का कहना है कि उनके साथ धोखा हुआ है और उन्हें डरा-धमका कर वापस भेजा गया।
निष्कर्ष
फिल्मों में तो अक्सर “ठुकरा के मेरा प्यार…” वाला गाना बजता है, लेकिन असल जिंदगी में दूल्हे को लाखों का चूना और पुलिस थाने के चक्कर मिले हैं। अब देखना यह है कि ग्वालियर पुलिस इस “रियल लाइफ ड्रामा” का अंत कैसे करती है।
